स्पाइसजेट के MD के खिलाफ धोखाधड़ी का केस दर्ज, कंपनी ने बताया फर्जी मामला

नई दिल्ली : एयरलाइन कंपनी स्पाइसजेट के चेयरमैन और मैनेजिंग डायरेक्टर के एक बिजनेसमैन ने लाखों की धोखाधड़ी करने का केस दर्ज कराया है। वहीं, एयरलाइन कंपनी की ओर से इस मामले को बेवकूफी भरा बताया गया है। आपको बता दें कि ग्रुरुग्राम पुलिस ने स्पाइसजेट कंपनी के चेयरमैन और प्रबंध निदेशक अजय सिंह के खिलाफ एक स्थानीय निवासी की शिकायत पर धोखाधड़ी का मामला दर्ज कर लिया है। अजय सिंह पर कंपनी के शेयर अलॉट करने के नाम पर ठगी करने का केस दर्ज कराया गया है। 

इससे पहले अमित अरोड़ा नाम के एक बिजनेसमैन ने दावा किया था कि अजय सिंह ने उन्हें 10 लाख शेयरों की एक नकली डिपॉजिटरी इंस्ट्रक्शन स्लिप (DIS) दी थी। अमित अरोड़ा ने कहा कि अजय सिंह ने उन्हें प्रमोटरों से एयरलाइन लेने के दौरान प्रदान की गई सवाओं के बदले 10,00,000 शेयरों के ट्रांसफर का वादा किया था।

बिजनेसमैन की शिकायत के बाद गुरुग्राम पुलिस ने स्पाइसजेट के चेयरमैन और मैनेजिंग डायरेक्टर अजय सिंह के खिलाफ भारतीय दंड संहिता की धारा 406, 409, 415, 417 और 420 तहत सुशांत लोक पुलिस स्टेशन में मामला दर्ज किया है।

स्पाइसजेट के एमडी के खिलाफ अपनी शिकायत में बिजनेसमैन अमित अरोड़ा ने आरोप लगाया है कि अजय सिंह ने उन्हें एक डिपॉजिटरी इंस्ट्रक्शन स्लिप दी थी, जो बाद में पुरानी और अमान्य हो गई। इसके बाद जब मैंने उनसे संपर्क कर उन्हें वैध डिपॉजिटरी इंस्ट्रक्शन स्लिप देने या सीधे शेयर ट्रांसफर करने को कहा तो स्पाइसजेट के एमडी ने शेयर ट्रांसफर करने से सीधे इनकार कर दिया। उन्होंने यह भी बताया कि अब उनका प्रतिनिधि उन्हें दिया गया स्लिप जमा करने गया तो उन्हें बताया गया कि वह डिपॉजिटरी इंस्ट्रक्शन स्लिप अमान्य और पुरानी है। अरोड़ा ने कहा है कि अब उनकेक पास इस मामले में शिकायत करने के अलावा दूसरा कोई चारा नहीं बचा है। 

स्पाइसजेट एमडी के खिलाफ दर्ज शिकायत में बिजनेसमैन ने यह भी कहा है कि उन्हें कई मीडिया रिपार्ट्स के माध्यम से पता चला है कि चेतन नंदा और प्रीति नंदा नाम दो लोगों ने भी अजय सिंह के खिलाफ आपराधिक शिकायत दर्ज करायी थी उनके मामले में भी अजय सिंह ने नई डिपॉजिटरी स्लिप जारी करने से इनकार कर दिया था।   

वहीं, इस मामले में स्पाइसजेट की ओर से कहा गया है कि यह मामला पूरी तरह से फर्जी और बेवकूफी भरा है। शराब कारोबारी अमित अरोड़ ने गुड़गाव पुलिस के पास स्पाइसजेट कंपनी और उसके एमडी अजय सिंह की छवि को धूमिल करने के उद्देश्य से मामला दर्ज कराया गया है। कंपनी ने यह भी कहा है कि किसी भी समय में आरोप लगाने वाले व्यक्ति से किसी भी प्रकार की कोई सेवा नहीं ली गई है, ना ही उनकी ओर से कंपनी को कोई सेवा प्रदान की गई है। कभी भी अजय सिंह या कंपनी का कोई भी संबंधित व्यक्ति शिकायतकर्ता के साथ मिला है। कंपनी के साथ किसी भी काम के लिए शिकायतकर्ता का कोई लिखित करार भी नहीं है। कंपनी की ओर से कहा गया है कि हमें विश्वास है कि पुलिस जांच में सारी सच्चाई सामने आ जाएगी और एफआईआर क्वैश हो जाएगी।