शिव ही सृष्टि के मूल तत्व : कालेन्द्रानंद

सहारनपुर। राधा विहार स्थित औघड़ दानी नर्वदेश्वर महादेव मैं शिव महापुराण कथा के शुभारंभ पर स्वामी कालेंद्रानंद जी महाराज ने कहा की शिव ही सृष्टि के मूल तत्व है। श्री रामकृष्ण विवेकानंद संस्थान के तत्वधान में श्रावण मास में शिव महापुराण कथा के शुभारंभ पर भव्य मंगल कलश यात्रा निकाली गई जिसमें शिव महापुराण को शिरोधार्य कर मुख्य यजमान अंकुर अग्रवाल से पत्नी चल रहे थे और आगे आगे धर्म ध्वजा एवं गजरथ पर गणेश जी महाराज अरुण से मंगल कलश यात्रा औघड़ दानी नर्वदेश्वर महादेव के प्रांगण में कथा स्थल पर संपन्न हुई।    

शिव महापुराण में शिव महिमा का वर्णन करते हुए स्वामी कालेंद्रानंद जी महाराज ने कहा कि शिव ही इस सृष्टि का आदि और अंत है शिव तत्व के बिना जीवन मरण एवं सृष्टि का संचालन संभव नहीं है शिवदत्त वही प्रत्येक जगत के तत्व  मैं चेतन अवस्था में रहकर सृष्टि को गति प्रदान करता है महाराज श्री ने कहा कि शिव का आधार विरक्त मुक्त और अवधूत आधार है जो सर्वव्यापक एवं सर्वर दाता एवं सर्वज्ञ हैं शिव तत्व भेद रहित है जो प्रमाणित करता है शिव ही परम तत्व है जो सब में समान भाव से समाहित है।                             

उन्होंने कहा टी श्रावण मास सबसे पवित्र मांस है जिसमें भक्ति करने से सत रज तम अर्थात ब्रह्मा विष्णु महेश की उर्जा समान भाव से जागृत होती है जिससे जिओ कर्म बंधन से मुक्ति पा जाता है अर्थात शिव ही मुक्ति के मूल जाता है इस अवसर पर अरुण स्वामी पंडित ऋषभ शर्मा पंडित योगेश तिवारी पंडित नीरज मिश्रा अश्वनी कंबोज सागर गुप्ता अमित शर्मा दीपक त्यागी बबीता गीता वर्षा किरण सुचेता कमला सुमन आदि रहे।