ग्रामीण जलापूर्ति विभाग में 600 इंजीनियरों की भर्ती

उत्तर प्रदेश में ग्रामीण जलापूर्ति विभाग में सरकारी नौकरी पाने की चाह रखने वाले युवाओं के लिए अच्छी खबर है। नमामि गंगे और ग्रामीण जलापूर्ति विभाग ऐसे लोगों को इसी माह तमाम नौकरियों की सौगात देने जा रहा है। विभाग में 600 इंजीनियर संविदा के आधार पर रखे जाने हैं। इनको नियुक्ति पत्र मिलने तक की प्रक्रिया इसी माह पूरी करने की तैयारी है। हर घर तक पानी पहुंचाने को इन दिनों केंद्र और राज्य सरकार तेजी से काम कर रही हैं। पहले चरण में बुंदेलखंड और विंध्य क्षेत्र के इलाके लिए गए थे, जहां सर्वाधिक पानी का संकट था। दूसरे और तीसरे चरण में प्रदेश के बाकी हिस्सों को शामिल किया गया है। 

ऐसे में विभाग 600 जूनियर इंजीनियरों की भर्ती करने जा रहा है। इसमें सिविल और मैकेनिकल दोनों क्षेत्रों के इंजीनियर शामिल हैं। भर्ती प्रक्रिया को पारदर्शी बनाने के लिए इसे पूरी तरह कम्प्यूटराइज्ड रखा गया है। प्रमुख सचिव नमामि गंगे एवं ग्रामीण जलापूर्ति अनुराग श्रीवास्तव ने भर्ती प्रक्रिया को कम्प्यूटर आधारित रखने के साथ ही अगले 15 दिन में चयनित अभ्यर्थियों को नियुक्ति पत्र देने के निर्देश दिए हैं। इंजीनियरों की भर्ती प्रक्रिया जल्द से जल्द पूरी कर उन्हें तैनाती दिए जाने की तैयारी है।

नमामि गंगे और ग्रामीण जलापूर्ति विभाग में 525 सिविल और 75 इलेक्ट्रिकल मैकेनिकल के पदों पर जूनियर इंजीनियरों की भर्ती शुरू की गई है। उन्होंने बताया कि सेवायोजन पोर्टल में पंजीकृत जूनियर इंजीनियर (सिविल) पद के लिए 7930 अभ्यर्थियों ने आवेदन किया है। इसके अलावा इलेक्ट्रिकल मैकेनिकल पद के लिए 2570 अभ्यर्थियों ने आवेदन किए हैं।

साक्षात्कार के 15 दिन बाद नियुक्ति पत्र

चयनित अभ्यर्थियों को नियुक्ति के लिए लंबा इंतजार नहीं करना होगा। साक्षात्कार के 15 दिन के भीतर चयनित अभ्यर्थियों को नियुक्ति पत्र बांटा जाएगा। 

वेतन - 30 हजार रुपये प्रतिमाह :विभाग के अधिशासी निदेशक प्रिय रंजन कुमार ने अभ्यर्थियों से अपील की है कि किसी प्रलोभन में ना आएं। कोई लालच दे रहा है तो शिकायत करें। अभ्यर्थियों से ठगी करने का प्रयास करने वालों पर तत्काल करवाई की जाएगी। चयनित इंजीनियरों को 30 हजार रुपये प्रतिमाह वेतन मिलेगा।