डीएम की जिला गंगा समिति के साथ मीटिंग, 23 गांवों में ग्राम गंगा समिति बनाई जाएगी

अमेठी। डीएम की अध्यक्षता में जिला गंगा समिति की बैठक का आयोजन कलेक्ट्रेट के सभागार में किया गया। जिला गंगा समिति ने गंगा नदी व इसकी प्रमुख सहायक नदियों के पुनरुद्धार, संरक्षण, मरम्मत व पुनर्वासन के बारे में विस्तृत जानकारी दी। जिलाधिकारी ने विभिन्न विभागों को नदियों के किनारे एवं घाटों पर साफ-सफाई, नदियों में कचरा फेंके जाने व पशुओं के मृत शरीर फेंके जाने पर नियंत्रण लगाने के निर्देश दिए। डीएम राकेश कुमार मिश्र की अध्यक्षता में आज कलेक्ट्रेट सभागार में जिला गंगा समिति की बैठक आयोजित हुई। 

जिला गंगा समिति की बैठक में सदस्य सचिव प्रभागीय वनाधिकारी ने जिला गंगा समिति ने गंगा नदी और इसकी प्रमुख सहायक नदियों के पुनरुद्धार, संरक्षण, मरम्मत और पुनर्वासन के लिए किए जाने वाले कार्यों के बारे में विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने कहा कि विभिन्न विभागों के द्वारा अमेठी जनपद में नदियों के पुनरुद्धार एवं प्रदूषण नियन्त्रण के लिए अपनी कार्ययोजनाएं जिला गंगा समिति के समक्ष प्रस्तुत की जानी हैं।

 जिससे समिति द्वारा कार्ययोजनाओं को समेकित कर नदियों के संरक्षण हेतु समन्वित कार्ययोजना बनाकर उच्च स्तर पर प्रेषित की जा सके। डीएम ने विभिन्न विभागों को निर्देशित किया कि नदियों के किनारे एवं घाटों पर नियमित सफाई हो तथा नदियों में कचरा आदि न डाला जाए। गोमती नदी में पशुओं के मृत शरीर प्रभावित ना हो इसके नियंत्रण के उपाय किए जाएं। 

नदी के संतुलन को बनाए रखने के लिए मछुआरों को मछली पकड़ने के लिए निर्धारित मानक के जाल के अतिरिक्त अन्य महीन जालों को लगाने से उन्हें रोका जाए ताकि अन्य जलीय जीवो एवं पादपों का संरक्षण सुनिश्चित हो सके। डीएम ने कहा कि गोमती नदी के किनारे आने वाले 23 गांवों में ग्राम गंगा समिति का गठन किया जाना है जिसको लेकर जिला पंचायत राज अधिकारी को शीघ्र समितियों का गठन करने के निर्देश दिए।

 बैठक के दौरान प्रभागीय वनाधिकारी एमएन सिंह, मुख्य चिकित्सा अधिकारी डा. सीमा मेहरा, परियोजना निदेशक डीआरडीए आशुतोष दूबे, अधिशासी अभियंता सिंचाई खंड 41 सहित अन्य संबंधित मौजूद रहे।