योगी सरकार के दूसरे कार्यकाल का पूरा हुआ 1 महीना, 30 दिन में लिए 30 बड़े फैसले

लखनऊ। अब से ठीक एक महीने पहले यानी कि 25 मार्च को योगी आदित्यनाथ ने दूसरी बार मुख्यमंत्री की शपथ ली थी। आज मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अपने दूसरे कार्यकाल का एक महीना पूरा कर लिया। इस दौरान सीएम योगी ने संकल्प पत्र में किए गए वादों को धरातल पर उतारने के लिए ताबड़तोड़ फैसले लिए हैं। तो पेश है एक महीने में योगी सरकार के काम काज का लेखा जोखा। योगी सरकार 2.0 की पहली कैबिनेट का पहला बड़ा फैसला, मुफ्त राशन योजना को तीन महीने बढ़ाया, 15 करोड़ लोगों को राशन आगे भी मिलता रहेगा।

भ्रष्टाचार, लापरवाही और जनता से जुड़ी समस्याओं में अनदेखी करने के मामले में डीएम सोनभद्र और एसएसपी गाजियाबाद सस्पेंड। सरकारी दफ्तरों में लेटलतीफी और फाइलों को टरकाने की कार्यशैली पर भी मुख्यमंत्री ने शाक्त कदम उठाए हैं। उन्होंने सभी विभागों के कर्मचारियों और अधिकारियों को समय पर दफ्तर पहुंचने, 30 मिनट का लुकण ब्रेक और लंच ब्रेक के बाद कार्यस्थल पर पहुंचने का निर्देश दिया। पिछले 20 दिनों में 200 करोड़ से ज्यादा की अवैध संपत्ति ध्वस्त या जब्त की गई है। जिसमें 25 माफिया डीजीपी ऑफिस और 8 शासन की तरफ से चिन्हित किए गए थे। योगी सरकार के दूसरे कार्यकाल में भी बाबा का बुलडोजर जमकर गरज रहा है।

 अभी तक 100 से अधिक माफियाओं और अपराधियों के खिलाफ बुलडोजर चला है। हालांकि मुख्यमंत्री ने साफ निर्देश दिए हैं कि गरीबों और दुकानदारों के खिलाफ बुलडोजर कार्रवाई न हो। मुख्यमंत्री ने दुबारा सत्ता संभालते ही 100 दिन के भीतर गन्ना किसानों को 8000 करोड़ रुपये का भुगतान का निर्देश भी दिया। इसके लिए उन्होंने विभाग को रणनीति तय करने के लिए निर्देश दिए। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने  कार्यकाल में नौकरी और रोजगार को लेकर भी अपनी मंशा साफ कर दी है।

 उन्होंने आगामी 6 महीनों में आंगनबाड़ी के 20 हजार पदों पर भर्ती के निर्देश भी दिए। दुबारा सत्ता में आते ही मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने पुलिस बल के लिए 86 राजपत्रित और 5295 अराजपत्रित नए पदों को शासन ने मंजूरी दी है। मुख्यमंत्री ने प्रदेश में पुलिस व्यवस्था को आधुनिक बनाने और उसमें सुधर लाने के लिए बनाए गए पुलिस सुधर आयोग के कार्यकाल को 30 जून तक बढ़ा दिया गया। अपने पहले कार्यकाल में महिलाओं और छात्राओं की सुरक्षा के लिए बना गए एंटी रोमियो स्क्वाड को अपने दूसरे कार्यकाल में भी जारी रखने का फैसला लिया।

 मुख्यमंत्री ने होमगार्ड में महिलाओं के प्रतिनिधित्व के बढ़ाने का भी फैसला लिया। उन्होंने होमगार्ड में होने वाली भर्ती में 20 फीसदी पदों पर महिलाओं को भरने का आदेश भी दिया। मुख्यमंत्री ने विभिन्न विभागों में रिक्त पड़े 10 हजार पदों को पहले 100 दिन के अंदर भर्ती को पूरा करने का निर्देश दिया। मुख्यमंत्री ने गरीब परिवारों को पक्का घर देने के लिए बनी आवास योजना में तेजी लेन के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि अगले 6 महीने में 2.51 लाख बनाए जाएं। मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना के अंतर्गत गरीब बेटियों की शादी के लिए मिलने वाले अनुदान की राशि को 50 हजार से बढाकर एक लाख कर दिया गया।

 अपने संकल्प पत्र में किये वादे को पूरा करते हुए छात्रों को टेबलेट और स्मार्टफोन योजना की शुरुआत भी 30 दिन के अंदर शुरू हो गई। मुख्यमंत्री ने पहले 30 के कार्यकाल में जो अहम फैसले लिए उसमें 52 साल पहले पूर्वी पाकिस्तान से आए 63 हिन्दू परिवारों को उनका खेती के लिए  दो एकड़ जमीन देने का फैसला भी शामिल है। लाउडस्पीकर को लेकर उपजे विवाद को देखते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि किसी भी नए स्थान पर लाउडस्पीकर और माइक नहीं लगेंगे। पुराने स्थानों पर लगे लाउडस्पीकर की ध्वनि भी परिसर से बाहर नहीं जानी चाहिए।

 दिल्ली के जहांगीरपुरी हिंसा के बाद मुख्यमंत्री ने प्रदेश में  तरह के जुलूसों पर बिना अनुमति के निकालने पर रोक लगा दी। मुख्यमंत्री के इस फैसले का सभी धर्मों के धर्मगुरुओं ने स्वागत किया। मुख्यमंत्री ने स्मार्ट सिटी के तर्ज पर स्मार्ट गांव विकसित करने के भी निर्देश दिए। साथ ही अधिकारियों से इस संबंध में कार्ययोजना बनाने को कहा है। मुख्यमंत्री ने प्रदेश के बुजुर्ग संतों, पुरोहितों और पुजारियों के लिए एक कल्याण बोर्ड का गठन करने का निर्देश दिया। मुख्यमंत्री ने सभी विभागों के मंत्रियों और अधिकारियों को 100 दिन की कार्ययोजना तैयार करने का भी निर्देश दिया। साथ ही सभी विभागों के प्रेजेंटेशन की समीक्षा भी की। 

सरकार की विकास योजनाओं को धरातल पर उतारने और अधिकारियों से बेहतर तालमेल के लिए मंत्रियों को जिले में रात्रि विश्राम के निर्देश दिए हैं। मुख्यमंत्री ने तहसील स्तर पर  जनसमस्याओं के निस्तारण के लिए वहां तैनात एसडीएम  और सीओ को उनके तैनाती स्थल पर ही विश्राम और लोगों की समस्याओं का निस्तारण करने का निर्देश दिया। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने उन 9 जिलों में स्कूल चलो अभियान की शुरुआत की जहां साक्षरता दर काफी कम है। मुख्यमंत्री ने प्रदेश में संचारी रोग नियंत्रण अभियान की शुरुआत की। 

साथ ही मेडिकल वयवस्था को बेहतर बनाने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री ने 60 साल से ऊपर की महिलाओं को परिवहन निगम की बसों में फ्री यात्रा के लिए कार्य योजना मांगी है। यह जल्द ही शुरू होने वाली है। प्रदेश की कानून व्यवस्था में सुधार लाने के लिए मुख्यमंत्री ने डेढ़ दर्जन से अधिक आईएएस और आईपीएस अफसरों के तबादले कर दिए। मुख्यमंत्री ने प्रदेश में निवेश बढ़ाने और रोजगार सृजन के लिए अधिकारियों को निर्देश दिया। उन्होंने दो साल में 10 लाख करोड़ के निवेश का लक्ष्य रखा है। 

मुख्यमंत्री ने प्रदेश में डॉक्टरों की कमी को देखते हुए मेडिकल कॉलेज में डठठै के 7000 सीटें बढ़ाए जाने के निर्देश दिए।प्रदेश साल ने आगामी पांच सालों में किसानों को एक लाख सोलर पंप देने का लक्ष्य निर्धारित किया है। इसमें 2 करोड़ का खर्च आएगा। सोलर पंप से किसानों को महंगी बिजली से निजात मिलेगी।