हे भोले भंडारी,सुन ले मेरी लचारी

हे भोले भंडारी,सुन ले मेरी लचारी

दे दे तू दर्शन,भक्त खड़ा दुआरी

नाम सुना ऐसा कि तेरी महिमा अपरंपार है

तेरे नाम से चलता-फिरता,ये संसार है


तीनों लोक के स्वामी,सुना चर्चा तेरा

ताउम्र करूंगा सेवा,ख्याल रख तू मेरा

दीन-दुखियों का तू मसीहा,दीखता जो लचार है

तेरे नाम से चलता-फिरता,ये संसार है


जैसा कर्म,वैसा फल,देता तू मुनासिब

दया का है तू सागर,दुनिया तुझसे वाकिफ

करता तू उजियारा, छाया जहां अंधकार है

तेरे नाम से चलता-फिरता ये संसार है


विष वमन कर,किया जग का तू कल्याण

पलट देता पासा पल में रहकर अंर्तध्यान

पता न हिलता एक भी,ऐसा खेवनहार है

तेरे नाम से चलता-फिरता ,ये संसार है


हे भोले भंडारी,सुन ले.......


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राजेंद्र कुमार सिंह

ईमेल: rajendrakumarsingh4@gmail.com