पश्चिम बंगाल में 20 माह बाद खुले स्कूल, कॉलेज और यूनिवर्सिटी

पश्चिम बंगाल में मंगलवार को 20 माह बाद स्कूल, कॉलेज और यूनिवर्सिटी खोल दिए गए। कई स्कूलों में बच्चों पर फूल बरसाकर और उन्हें चॉकलेट देकर उनका स्वागत किया गया। स्कूलों में प्रवेश के समय सोशल डिस्टेंसिंग रखी गई। बच्चे मास्क पहने नजर आए। 

प्रवेश द्वारा पर बच्चों का बॉडी टेम्परेचर चेक किया गया और उन्हें हाथ सैनिटाइज किए गए। शिक्षा मंत्री ब्रत्य बाशु ने कहा, 'हमारा मुख्य उद्देश्य है कि स्टूडेंट्स को वापस मुख्य धारा में लाया जाए। हमने 11वीं और 12वीं के बच्चों से पहले शुरुआत की है, अगर सब कुछ ठीक रहता है तो अन्य कक्षाओं के लिए भी स्कूल खुल जाएंगे।'

कोविड-19 महामारी के चलते मार्च 2020 में स्कूल बंद किए गए थे। फरवरी मध्य में इन्हें 11वीं और 12वीं के लिए फिर से खोला गया था लेकिन पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के चलते इन्हें फिर से बंद कर दिया गया था। इसके बाद कोरोना की दूसरी लहर आ गई। 

कुछ स्कूलों ने सैनिटाइजेशन के लिए बड़ी मशीनें लगाई हैं। इसके अलावा अगर किसी छात्र को बुखार आता है तो उसके लिए आइसोलेशन रूम की व्यवस्था कर रखी है।  

डॉन बॉस्को स्कूल के प्रिंसिपल फादर मॉनडोल ने कहा, 'हमने स्कूलों में बेड, ऑक्सीमीटर, ऑक्सीजन सिलेंडर का बंदोबस्त कर रखा है। इसके लिए ट्रेंड नर्सें भी रहेंगी।'

9वीं 11वीं के स्टूडेंट्स को सुबह 9.30 बजे स्कूल में रिपोर्ट करना होगा जबकि कक्षाएं 10 बजे से 3.30 बजे तक चलेंगी।  10वीं और 12वीं के स्टूडेंट्स को सुबह 10.30 बजे रिपोर्ट करना होगा और उनकी कक्षाएं सुबह 11 बजे से 4.30 बजे तक होंगी।