IND vs PAK: पहली बार वर्ल्ड कप में पाक से हारी टीम इंडिया, जाने वजह

दुबई इंटरनेशनल क्रिकेट स्टेडियम में टी-20 विश्व कप 2021 के महामुकाबले में पाकिस्तान ने टीम इंडिया को 10 विकेट से पीटा। भारतीय टीम की फटाफट क्रिकेट में 6-0 की बढ़त की उम्मीद लगाए बैठै फैन्स के भरोसे पर विराट कोहली की सेना खरा नहीं उतर सकी। पहले रोहित शर्मा, केएल राहुल जैसे बल्लेबाजों ने निराश किया, तो बाकी कसर गेंदबाजों ने पूरी कर दी। विश्व भर में जिस भारतीय गेंदबाजी अटैक की तारीफ करते क्रिकेट पंडित थकते नहीं हैं, वहीं बॉलिंग अटैक पाकिस्तान का एक विकेट तक नहीं ले सका। बाबर आजम और मोहम्मद रिजवान की सलामी जोड़ी ने हंसते-खेलते हुए भारत द्वारा दिए गए 152 रनों के लक्ष्य को आसानी से हासिल कर लिया। इस हार के साथ ही वर्ल्ड कप में पड़ोसी मुल्क के खिलाफ कभी ना हारने का 29 साल से चला आ रहा रिकॉर्ड भी धाराशायी हो गया है। 

दुबई के रिकॉर्ड को देखते हुए टॉस का रोल काफी अहम माना जा रहा था। आमतौर पर टॉस जीतने में फिसड्डी साबित होते रहे कप्तान विराट कोहली की किस्मत ने रविवार को भी उनका साथ नहीं दिया। टॉस पाकिस्तान के कप्तान बाबर आजम के पक्ष में गिरा और उन्होंने बिना कोई देरी करते हुए पहले गेंदबाजी करने का फैसला कर लिया। टॉस जीतने के साथ ही बाबर ने आधी बाजी मार ली थी, क्योंकि दुबई में रनों का पीछा करने वाली टीम का हमेशा ही बोलबाला रहा था और इस मुकाबले में भी वही देखना को मिला। ओस गिरने के चलते दूसरी पारी में बैटिंग काफी आसान हो गई।

पाकिस्तान के खिलाफ इस बड़े मुकाबले में हर किसी की निगाहें टिकी हुई थी टीम इंडिया की सलामी जोड़ी रोहित शर्मा और केएल राहुल पर। दोनों के ऊपर टीम को जबरदस्त शुरुआत देने का दारोमदार था। लेकिन, ना हिटमैन के बल्ले से रन निकले और ना ही इनफॉर्म राहुल कुछ कमाल दिखा सके। रोहित जहां बिना खाता खोले पहली ही गेंद पर चलते बने तो राहुल भी 8 गेंदों में 3 रन बनाने के बाद शाहीन अफरीदी की गेंद पर क्लीन बोल्ड हो गए। रोहित-राहुल के विकेट ने टीम इंडिया को शुरुआत से ही बैकफुट पर ढकेल दिया और पूरे मैच में भारतीय टीम वापसी नहीं कर सकी। 

रोहित और राहुल का विकेट जल्दी गंवाने के  बाद क्रीज पर उतरे सूर्यकुमार यादव ने शुरुआत तो अच्छी की, पर वह हसन अली की गेंद पर गलती कर बैठे। सूर्यकुमार सिर्फ 11 रन बना सके। वहीं, विराट के आउट होने के बाद आखिरी ओवरों में टीम को हार्दिक पांड्या से दमदार शॉट्स की जरूरत थी, लेकिन हार्दिक गेंद को मिडिल करने के लिए संघर्ष करते दिखाई दिए। बल्ला रविंद्र जडेजा का भी खामोश रहा और वह 13 गेंदों में 13 रन बनाने के बाद पवेलियन लौटे गए। इन तीनों के फ्लॉप शो के चलते कप्तान विराट कोहली की मेहनत पर भी पानी फिर गया और टीम उस टोटल तक नहीं पहुंच सकी, जहां पहुंचने का अरमान लेकर टीम बैटिंग करने उतरी थी। 

152 रनों के टारगेट का बचाव करने जब विराट कोहली की सेना मैदान पर उतरी, तो टीम को पावरप्ले के अंदर दो से तीन विकेट जल्दी गिराने की दरकार थी। लेकिन, बल्लेबाजों के  बाद टीम के गेंदबाजों ने भी दुबई में खूब निराश किया। भुवनेश्वर कुमार, मोहम्मद शमी और जसप्रीत बुमराह की तिकड़ी पावरप्ले में कोई भी विकेट  नहीं निकाल सकी और ना ही ये तीनों मिलकर रनों पर लगाम लगा सके। बाबर आजम और मोहम्मद रिजवान ने शुरुआत से ही आक्रामक तेवर दिखाए और क्रीज पर सेट होने के बाद हर भारतीय गेंदबाज की जमकर धुनाई की। 

पाकिस्तान के खिलाफ मिली शर्मनाक हार के बाद कई पूर्व क्रिकेटर्स ने टीम इंडिया की इस मैच में चुनी प्लेइंग इलेवन पर सवाल उठाए। वॉर्मअप मैचों में बल्लेबाजों की नाक में दम करने वाले रविचंद्रन अश्विन के अनुभव को कप्तान कोहली ने दरकिनार किया। गेंद से लाजवाब फॉर्म में चल रहे शार्दुल ठाकुर को भी इस अहम मुकाबले में टीम से बाहर रखा गया। हालिया फॉर्म को देखते हुए इस मैच में इशान किशन शायद हार्दिक पांड्या से बेहतर फिनिशर हो सकते थे।