मन की दीवार

जरूरी होती है दीवारें

इमारत को खड़ा करने के लिए

किसने कह दिया कि

दीवारें जरूरी हैं

घर बनाने के लिए

छोटी-छोटी बातों पर जब

दीवारें खड़ी हो जाती हैं

वे दीवारें हैं मन को बदल देती हैं

क्योंकि मन में ही तो खड़ी होती हैं

वे संकुचित दीवारें

इन दीवारों से बेहतर तो

बगीचे में उगी बेवजह की घास है

न जाने किसने बनाई होगी

पहली मन की दीवार

और यह दीवारें कैसी हैं

बसने लगी समाज में परिवार में

नसमझी खड़ी कर देती है

कभी-कभी बड़ी बड़ी दीवारें

यह दीवारें ही नष्ट करती हैं

रिश्ते और अपनेपन को

मन की दीवार की

नींब ही न पड़ने दी जाये

ऐसी दीवारों को चलो

क्यों न मिटाया जाये

पूनम पाठक बदायूँ

इस्लामनगर बदायूँ उत्तर प्रदेश