स्वदेशी का ढोंग रचने वाले सब कुछ बेचने पर आमादा हैं-अनिल सिंह

बलिया। सजपा की सद्भावना पदयात्रा के बलिया संसदीय क्षेत्र की सीमा गड़वार में प्रवेश करते ही सजपा के प्रदेश अध्यक्ष अनिल सिंह ने सरकार की जन विरोधी आर्थिक नीतियों पर करारा हमला करते हुए स्वदेशी जागरण मंच और राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ को ललकारा और कहा कि स्वदेशी का ढोंग रचने वाले भाजपा के इन आनुषागिक संगठनों की पोल खुल गई है ।कहा कि अंधाधुंध निजीकरण के अभियान में मोदी सरकार रेलवे,एयरलाइंस,और बंदरगाह यानि जल ,थल और आकाश  तक को कुछ पूँजीपतियों को बेचती जा रही है और स्वदेशी का राग अलापने वाले गूंगे और बहरे बने हुए हैं।चुनौती दिया कि संघ और मंच अपनी नयी स्वदेशी अवधारणा को स्पष्ट करे।  इससे पहले   सुबह श्री  नाथ बाबा डिग्री कालेज से तीसरे दिन पदयात्रा आरंभ हुई ।पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष श्याम जी त्रिपाठी ने कहा कि देश एक बार फिर से गुलामी कीं तरफ बढ़ रहा है सरकार की जितनी भी नीतिया बन रहीं हैं वह पूंजीपतियों के देखरेख में और उनके हितों को ध्यान में रखते हुए बनाईं जा रहीं हैं ।तल्खी भरी भाषा का प्रयोग करते हुए कहा कि शर्म आती है ऐसे प्रधानमंत्री पर जिसक दिन भी पूंजीपतियों के लिए और रात भी उन्हीं के लिए ।उन्होंने चेतावनी दी कि यदि सरकार ने अपने हठ का त्याग नहीं किया तो देश में चल रहा किसान आंदोलन का रूप बदल सकता है ।कहा कि सरकार अभी कितने किसानों की बलि लेना चाह्ती है।कहा कि  सजपा कोई दल नहीं बल्कि जयप्रकाश नारायण और पूर्व प्रधानमंत्री चंद्रशेखर के विचारों का आंदोलन है।सजपा प्रदेश अध्यक्ष  अनिल सिंह ने कहा कि हमारे नेता चंद्रशेखर जी जिन खतरों से हमें सचेत करते रहे उसके परिणाम हमें आज देखने को मिल रहा है कि हमारे हाथ से पेट्रोल,डीजल, गैस के दामों की कीमत तक हम तय नहीं कर  सकते कहा कि कृषि कानून हमारे देश के किसानों के लिए डेथ वारंट है ।जिला समाजवादी जनता पार्टी के अध्यक्ष अभिषेक सिंह रंजन ने बलिया शहर में जलजमाव से उत्पन्न संकट की  स्थिति को तत्काल समाप्त किए जाने की मांग करते हुए कहा कि जनपद के  विभिन्न क्षेत्रों में अतिवृष्टि से किसानों के फसलो के हुए नुकसान की भरपाई नहीं हुई तो पदयात्रा समाप्त होने के बाद सजपा जिले में बड़ा आंदोलन करेगी ।