शिक्षक आते नहीं, कैसे हो बच्चों की पढ़ाई

उरई/ जालौन। इंगलिश मीडियम प्राथमिक विद्यालय मींगनी में एक अध्यापक की तैनाती है, वह भी अक्सर नहीं आते हैं। ऐसे में बच्चों की पढ़ाई प्रभावित हो रही है। विद्यालय में अध्यापक न होने से बच्चे पढ़ने के बजाए खेलते रहते हैं। अभिभावकों का कहना है कि संबंधित अधिकारियों से कई बार शिकायत की गई, लेकिन नतीजा सिफर ही रहा है। बीहड़ क्षेत्र में अच्छी शिक्षा दिलाने के नाम पर खोले गए इंगलिश मीडियम प्राथमिक विद्यालय मींगनी में तैनात अध्यापक आकाश गुप्ता सोमवार को नदारद थे। छात्रों को रसोईया व रसोईया का पुत्र पढ़ा रहा था। अभिभावक लालजी तिवारी, सुनील शाक्य व सत्यम सिंह का कहना है कि इंगलिश मीडियम में एक अध्यापक की तैनाती होने से शिक्षा के साथ खिलवाड़ किया जा रहा है। विद्यालय में 124 छात्र पंजीकृत हैं। अध्यापक के न आने पर रसोइया का पुत्र छात्रों को पढ़ाता है। ऐसा ही मामला पूर्व माध्यमिक विद्यालय मींगनी का है, जिसमें अमर सिंह, संजय सिंह व आशीष कुमार की तैनाती है। संजय सिंह ऑनलाइन छुट्टी पर हैं। आशीष कुमार गायब है। अभिभावक दीपक दौहलिया व मुकुल तिवारी का कहना है कि अध्यापकों के न आने से पढ़ाई पर असर पड़ रहा है। अभिभावकों ने जिलाधिकारी से मांग की है कि कमेटी बनाकर विद्यालयों का सघन चेकिंग अभियान चलाया जाए। उधर, खंड शिक्षाधिकारी नेत्रपाल सिंह का कहना है कि कुछ शिकायतें मिली थीं। संभव है कि इधर त्योहार की वजह से शिक्षक अवकाश पर रहे हों। मामले की जांच कराकर कार्रवाई की जाएगी।