आज फिर बढ़े पेट्रोल-डीजल के दाम, देश में पहली बार पेट्रोल 120 और डीजल 110 रुपये लीटर के करीब

नई दिल्ली: पेट्रोल-डीजल की कीमतें तगातार तीसरे दिन बढ़ी हैं। देश में पहली बार पेट्रोल 120 और डीजल 110 के करीब पहुंच गया है। राजस्थान के श्रीगंगानगर में पेट्रोल 119.05 रुपये और डीजल 109.88 रुपये प्रति लीटर के करीब पहुंच गया है। आज शुक्रवार, 22 अक्टूबर को घरेलू तेल कंपनियों ने के लिए पेट्रोल-डीजल के नए रेट जारी कर दी हैं।

दिल्ली में आज एक बार फिर पेट्रोल की कीमतों में 35 पैसे की बढ़ोतरी हुई है, जबकि डीजल भी 35 पैसे महंगा हुआ है। सितंबर के अंतिम सप्ताह में कीमतों में बदलाव में तीन सप्ताह के लंबे अंतराल को समाप्त करने के बाद से, पेट्रोल की कीमतों में यह 19वीं वृद्धि है और डीजल की कीमतों में 22वीं बार वृद्धि हुई है, तब से डीजल की कीमत में कुल 7.20 रुपये और पेट्रोल की कीमत में 5.70 रुपये प्रति लीटर का इजाफा हुआ है।

दिल्ली में पेट्रोल अब 106.89 रुपये प्रति लीटर हो गया है तो डीजल 95.62 रुपये प्रति लीटर। मुंबई में पेट्रोल 112.78 पैसे प्रति लीटर की दर से बिक रहा है तो डीजल 103.63 रुपये प्रति लीटर बिक रहा है। बता दें पेट्रोल पहले ही देश के सभी प्रमुख शहरों में 100 रुपये प्रति लीटर या उससे अधिक का आंकड़ा छू चुका है, डीजल भी एक दर्जन से अधिक राज्यों में उस स्तर को पार कर चुका है और श्रीनगर से लेकर चेन्नई तक कई शहरों में 100 रुपये प्रति लीटर के करीब पहुंच गया है। श्रीनगर में डीजल की कीमत 99.49 रुपये प्रति लीटर है जबकि चेन्नई में इसकी कीमत 99.92 रुपये हो गयी है। स्थानीय करों के आधार पर कीमतें राज्यों में अलग-अलग होती हैं।

राजस्थान के श्रीगंगानगर में ही दाम क्यों सबसे ज्यादा है, जबकि राजस्थान के अन्य शहरों में काफी कम रेट है। राजस्थान देश में पेट्रोल और डीजल पर सबसे अधिक रेट से वैट लगाता है। श्रीगंगानगर में सबसे ज्यादा महंगा पेट्रोल होने का कारण ट्रांसपोर्टेशन है, ट्रांसपोर्ट के खर्चे के वजह से पेट्रोले के दाम बढ़ रहे हैं। दरअसल, पहले हनुमानगढ़ में डिपो था, जो सितंबर, 2011 में बंद हो गया है. इसके बाद से अब पेट्रोल जयपुर, जोधपुर, भरतपुर से पेट्रोल मंगाना पड़ता है और इससे ट्रांसपोर्ट का खर्चा बढ़ जाता है। इससे करीब 5 रुपये प्रति लीटर के हिसाब से पेट्रोल के दाम बढ़ जाते हैं। यह पैसा कंपनी नहीं देती है, बल्कि इसे ग्राहकों से वसूला जाता है।

सरकारी आंकड़ों के मुताबिक, साल 2014 में पेट्रोल पर केन्द्रीय उत्पाद शुल्क  9.48 रुपये प्रति लीटर के स्तर पर था। यह शुल्क अब बढ़कर 32.90 रुपये हो गया है। इसी तरह डीजल पर साल 2014 में केन्द्रीय उत्पाद शुल्क 3.56 रुपये लग रहा था, जो अब बढ़कर 31.80 रुपये प्रति लीटर के स्तर पर पहुंच चुका है।

दरअसल विदेशी मुद्रा दरों के साथ अंतरराष्ट्रीय बाजार में क्रूड की कीमत के आधार पर रोज पेट्रोल और डीजल की कीमतों में बदलाव होता है। ऑयल मार्केटिंग कंपनियां कीमतों की समीक्षा के बाद रोज़ाना पेट्रोल और डीजल के रेट तय करती हैं। इंडियन ऑयल , भारत पेट्रोलियम और हिंदुस्तान पेट्रोलियम रोज़ाना सुबह 6 बजे पेट्रोल और डीजल की दरों में संशोधन कर जारी करती हैं।