न्यायालय के स्थगन आदेश के बावजूद, विवादित जमीन पर बन रहा है नाला लोंगो ने अधिकारियों की बताई मिली भगत

फूलपुर,आजमगढ़ । फूलपुर तहसील क्षेत्र में अधिकारियों की मिली भगत के चलते जमीनों पर अवैध कब्जे के मामलों में भी अच्छी खासी बढ़ोत्तरी हो रही है। ताज़ा मामला फूलपुर कोतवाली क्षेत्र के पूरानूरम (बैसा) गांव का है जहां के रहने वाले इरफान अहमद पुत्र कायम अली आदि की आबादी की पैतृक जमीन पर ग्राम प्रधान द्वारा नाली बनाने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। इरफान अहमद द्वारा प्रदेश के मुख्यमंत्री पोर्टल पर भेजे गए शिकायती पत्र में आरोप लगाया है, कि भाजपा जिला उपाध्यक्ष की पत्नी ग्राम प्रधान द्वारा पुरानी आबादी की भूमि पर जबरन जेसीबी लगाकर नाली बनाया जा रहा है। जो नियम और कानून के खिलाफ है, जबकि उक्त भूमि से संबंधित वाद संख्या 3294 सन 2018 सिविल जज सीनियर डिवीजन की अदालत में विचाराधीन है। जिसपर अदालत ने स्थगन आदेश दिया है। इरफान का आरोप है कि शनिवार को एसडीम और कोतवाल पुलिस बल के साथ उनके गांव पहुंचे, और प्रधान को बुलाकर नाला बनाने का आदेश दे दिया। अधिकारियों ने बिना कोई कागजात देखे ही मौखिक आदेश सुना दिया की नाला बनाने का कार्य जारी रखा जाये। इसके चलते लोगो में रोष है। इरफान ने बताया कि जिस जमीन को लेकर दीवानी में विवाद चल रहा है, उक्त ज़मीन का पूर्वजों के समय सरकारी बटवारा हो चुका है। सरकारी बटवारा के समय आराज़ी नंबर 194 के शिकमी नंबर 22, 23, 24, 25, 26, 27 और 28 रकबा 568 कड़ी पुरानी आबादी की ज़मीन दर्ज है, जिसपर दीवानी न्यायालय में वाद विचाराधीन है। शिकायतकर्ता ने प्रदेश के सीएम से पूरे मामले की गहनता से जांच कराए जाने के साथ ही उसे न्याय दिलाये जाने की मांग की है। वहीं इस मामले में एसडीएम फूलपुर रावेन्द्र सिंह का कहना है कि मामला संज्ञान में आया है। ग्राम सभा द्वारा खड़ंजा से नाली बनाने का प्रस्ताव है। जनहित में नाला बनाया जाना आवश्यक है। दीवानी अदालत में वादी और प्रतिवादी के बीच विवाद है।