रामजन्म भूमि के पैरोकार रहे त्रिलोकी पांडेय का अंतिम संस्कार गंगा घाट पर हुआ

बलिया।श्रीराम जन्मभूमि न्यास के अंतिम पक्षकार अखिल भारतीय विश्व हिंदू परिषद के संगठन मंत्री जनपद के दया छपरा गांव निवासी त्रिलोकी पांडेय की अंत्येष्टि राजकीय सम्मान के साथ शनिवार को पचरुखिया गंगा के तट पर किया गया।

इसके पहले जिलाप्रशासन की तरफ से तहसीलदार बैरिया पंडित शिवसागर दुबे ने स्वर्गीय पांडेय के पार्थिव शरीर फूल माला चढ़ा कर श्रद्धांजलि दी। पुलिस लाईन से आई पुलिस टीम ने गार्ड ऑफ ऑनर दिया और उल्टा कर उन्हें अंतिम सलामी दी। उन्हें मुखाग्नि उनके बड़े पुत्र अरविंद कुमार पांडेय ने दी । आजीवन राम जी के लिए समर्पित हिंदूवादी नेता त्रिलोकी नाथ पांडेय का निधन शुक्रवार को 77 वर्ष की उम्र में डॉ राम मनोहर लोहिया आयुर्विज्ञान संस्थान लखनऊ में हो गया था। वह कुछ दिनों से बीमार थे। उनका शव एम्बुलेंस से उनके परिजन शनिवार को दोपहर लगभग 11 बजे पहुँचे थे । जिसकी सूचना पर उनके आवास पर ग्रामीणों की भीड़ लग गई। उन्हें श्रद्धा सुमन अर्पित करने के लिए उत्तर प्रदेश सरकार के मंत्री आनंद स्वरूप शुक्ला, विधायक सुरेंद्र सिंह, भाजपा जिलाध्यक्ष जय प्रकाश साहू सहित दर्जनों गणमान्य नागरिक व सैकड़ों ग्रामीण सामिल थे। 

1964 में आरएसएस में शामिल होने वाले  त्रिलोकी पांडेय का कार्यक्षेत्र अयोध्या था 1992 से लगातार अयोध्या में रहकर राम जन्मभूमि के मुकदमे की पैरवी करते रहे। जब रामजन्म भूमि के निर्माण के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अयोध्या पहुँचे तो त्रिलोकी पांडेय को मंदिर के मुकदमे में विजय श्री के लिए धन्यवाद दिया था।

विश्वहिंदू परिषद के नेता त्रिलोकी नाथ पांडेय की शादी दोकटी थाना क्षेत्र के धतुरी टोला गांव में हुई थी उनके छोटे भाई श्रीराम नाथ पांडेय की पहले ही मौत हो चुकी है। बड़े पुत्र अरविंद पांडेय नगर निगम अयोध्या में अधिकारी है जबकि छोटा पुत्र अमित पांडेय नोयडा स्थित किसी कंपनी में मैनेजर है। दोनों पुत्रों और दोनों पुत्रियों की शादी हो चुकी है। पत्नी विमला देवी दयाछपरा ही रहती थी जिनका रोते रोते बुरा हाल है।