शहीद-ए-आजम भगत सिंह को प्रभु जी की रसोई में नमन किया

                                              

सहारनपुर। शहीद-ए-आजम भगत सिंह का जन्मदिवस आज प्रभु जी की रसोई में गरीबों व निसहायों को भोजन वितरित कर मनाया गया। इस अवसर पर लोक कल्याण समिति के सचिव शीतल टण्डन, प्रमुख समाजसेवी पं.जयनाथ शर्मा, कर्नल संजय मिडढा आदि ने शहीद-ए-आजम भगत सिंह के चित्र के सम्मुख पुष्प अर्पित कर उन्हें नमन किया। शीतल टण्डन ने कहा कि देश को आजाद कराने के लिए जिस प्रकार शहीद-ए-आजम भगत सिंह, राजगुरू, सुखदेव सहित अनेकों वीर क्रांतिकारियों ने अपने प्राणांे की बलि चढ़ा दी ताकि आने वाली पीढ़ियों को आजादी मिल सके। उन्होंने कहा कि ऐसे वीर सपूतों का कभी भी देश भुला नहीं पायेगा। श्री टण्डन ने कहा कि सच्चे मायने में भगत सिंह देश की आजादी के दीवाने थे जिन्होंने हंसते-हंसते फांसी का फंदे को चूम लिया।  

पं.जयनाथ शर्मा ने कहा कि शहीद-ए-आजम भगत सिंह स्वतत्रंता की बेडियों से जकड़कर जीना नहीं चाहते थे इसलिए उन्होंने छोटी सी ही उम्र में स्वतंत्रता आंदोलन मेें भाग लेकर देश को आजाद कराने का बीडा उठाया और आखिरकार शहीदांे की कुर्बानियों की बदौलत ही सन 1947 में देश आजाद हुआ। उन्होेंने कहा कि प्रत्येक व्यक्ति के अंदर देशप्रेम की भावना की अलख हमेशा रहनी चाहिए। 

इससे पूर्व घंटाघर स्थित शहीद-ए-आजम की प्रतिमा पर पुष्प अर्पित किये गये तथा उन्हें नमन किया। इस अवसर पर गरीब, असहाय व जरूरतमंदों को भोजन भी वितरित किया गया।

इस अवसर पर भारी संख्या में प्रभु जी की रसोई में आये लोगों ने शहीद-ए-आजम के चित्र के सम्मुख पुष्प अर्पित किए तथा उन्हें नमन किया। मुख्य रूप से सतीश ठकराल, सुरेन्द्र सचदेवा, कोमल सचदेवा, राजीव कालिया, प्रदीप सचदेवा, शोभा कश्यप, शारदा कश्यप, गौरव सचदेवा आदि मौजूद रहे।