स्पाइसजेट का संकट बढ़ा, वेंडर्स को पेमेंट से चूक गई कंपनी

नई दिल्ली : कोरोना की वजह से एविएशन इंडस्ट्री को बड़ा नुकसान हुआ है। इसका असर स्पाइसजेट के वित्तीय नतीजों में भी देखने को मिल रहा है। स्पाइसजेट की ओर से दी गई जानकारी के मुताबिक कंपनी ने खराब आर्थिक स्थिति की वजह से विभिन्न पक्षों को भुगतान स्थगित कर दिया है। इसमें पट्टेदार और अन्य वेंडर शामिल हैं। स्पाइसजेट ने वित्तीय स्थिति का हवाला देकर भुगतान को टाल दिया है।

स्पाइसजेट को हुआ है घाटा: चालू वित्त वर्ष की पहली तिमाही में स्पाइसजेट को 729 करोड़ रुपए का घाटा हुआ है। इससे पहले जनवरी-मार्च 2021 की तिमाही में भी कंपनी को 235 करोड़ रुपए का घाटा हुआ था। हालांकि, समीक्षाधीन तिमाही में स्पाइसजेट की कुल आय 80 फीसदी बढ़कर 1,265.85 करोड़ रुपए हो गई, जो पिछले वर्ष की समान तिमाही में 704.56 करोड़ रुपए थी। परिचालन से कुल राजस्व 514.69 करोड़ रुपए से 112 फीसदी बढ़कर 1,089.73 करोड़ रुपए हो गया।

कोरोना का है संकट: स्पाइसजेट के अध्यक्ष और प्रबंध निदेशक अजय सिंह ने कहा, "कोरोना की दूसरी लहर से पहली तिमाही बुरी तरह प्रभावित हुई है। इस दौरान पैसेंजर्स लगभग गायब हो गए थे। हालांकि, अब लोगों को वैक्सीनेट किया जा रहा है और हवाई यात्रा की मांग लगातार बढ़ रही है, हमें उम्मीद है कि जल्द ही सबकुछ ठीक हो जाएगा।"

जून-अंत तिमाही के दौरान स्पाइसजेट ने 74 नई उड़ानें शुरू की थीं। एयरलाइन ने दुनिया भर में 52,000 से अधिक यात्रियों को परिवहन करते हुए 300 से अधिक चार्टर संचालित किए। स्पाइसजेट ने बताया कि कोविड -19 वैक्सीन की पहली डोज के साथ अपने सभी ऑपरेटिंग केबिन क्रू का सफलतापूर्वक टीकाकरण भी कर लिया है।