संजय दत्त की बेटी त्रिशाला को प्यार में मिला तगड़ा धोखा, यादकर बोलीं- अब वो बच्चों का बाप है

संजय दत्त की बेटी त्रिशाला दत्त एक बार फिर अपनी पर्सनल लाइफ को लेकर चर्चा में हैं। उन्होंने अपने सबसे लंबे समय तक चले रिलेशनशिप के बारे में खुलासा किया है और बताया कि उन्हें धोखा भी मिला। एक वक्त था जब संजय दत्त की बेटी त्रिशाला दत्त अपने रिलेशनशिप को लेकर जबरदस्त चर्चा में रही थीं। हालांकि उन्होंने कभी भी अपनी पर्सनल लाइफ और रिश्ता टूटने पर खुलकर बात नहीं की। पर हाल ही उन्होंने अपने एक रिलेशनशिप को लेकर खुलासा किया और बताया कि वह 7 साल तक रिश्ते में रही थीं। त्रिशाला दत्त ने हाल ही इंस्टाग्राम पर फैन्स के साथ एक सेशन रखा, जिसमें वह फैन्स के सवालों के जवाब दे रही थीं। एक सवाल के जवाब में त्रिशाला दत्त ने अपने सबसे लंबे समय तक चले रिलेशनशिप का खुलासा किया। (फोटो में पापा संजय दत्त के साथ त्रिशाला) एक फैन ने त्रिशाला दत्त से सवाल किया कि उनका सबसे लंबा रिलेशनशिप कितने वक्त तक रहा था? और वो किसलिए टूटा? इसके जवाब में त्रिशाला दत्त ने कहा, मेरा सबसे लंबा रिलेशनशिप 7 साल तक चला था। वह रिश्ता क्यों टूटा, इसकी मैं ज्यादा डीटेल नहीं देना चाहूंगी। बस इतना कहूंगी कि हम दोनों ने उस वक्त आपसी सहमति से अलग होने का फैसला लिया था। वह उस समय एक नई जिंदगी के लिए तैयार था, लेकिन मैं तैयार नहीं थी। साल-दर-साल हमारे बीच और मतभेद पैदा होते चले गए। त्रिशाला दत्त ने आगे कहा, कुल मिलाकर हम दोनों बहुत दूर हो गए। होता है ऐसा। आज वह शादीशुदा है और उसके बच्चे भी हैं। मेरी तरफ से उसे ऑल द बेस्ट। एक अन्य यूजर ने जब त्रिशाला दत्त से पूछा कि क्या उन्हें कभी प्यार में धोखा मिला है, तो उन्होंने कहा कि हां मिला है। पर त्रिशाला ने इस बारे में और कुछ भी बताने से इनकार कर दिया। बता दें कि इसी साल फरवरी में त्रिशाला दत्त ने फैन्स के साथ एएमए सेशन के दौरान अपने बॉयफ्रेंड द्वारा टॉर्चर किए जाने की कहानी सुनाई थी। त्रिशाला ने बताया कि उनके बॉयफ्रेंड को उनसे कोई फर्क नहीं पड़ता था और वह उन्हें कचरे की तरह ट्रीट करता था। त्रिशाला ने कहा था, मैं कचरे की तरह ट्रीट की जाती थी। हर दिन मुझे लगता था कि उसका बुरा दिन गया। मैं सोचती थी कि कल सबकुछ ठीक होगा लेकिन यह बेहतर होने के बजाय बुरा होता चला गया। वह धीरे-धीरे मुझे मेरे दोस्तों से दूर करता गया और मुझे इसका एहसास भी नहीं होने दिया। अगर मैं कभी भी बाहर जाती थी तो घर लौटकर उसे मेसेज करती थी। इस पर वह अग्रेसिव मेसेज भेजता था कि ओह, आज घर कोई देर से पहुंचा।